नाम-कीर्तन की तुलना में कवि किन कार्यों को निष्फल मानता है?
Soln Date / Update:-31-Aug-2025 05:10AM
Solution:-
उत्तर:- हमारे गुरु नानक जी का कहना है। की नाम कीर्तन ही मनुष्य को इस दख में संसार से छुटकार दिलाता है। पूजा - पाठ आदि नहीं होता है। इस सांसारिक जीवन में राम नाम का जप करके भाव सागर को भी पार किया जा सकता है। यानी कवि राम नाम के बिना सभी कर्मो को व्यर्थ मानता है।